श्री डूंगरगढ़ न्यूज़ ||अरब सागर में बने तूफान (चक्रवात) बिपरजॉय का असर राजस्थान में 15 जून से दिखने लगेगा। राजस्थान के आधे से ज्यादा हिस्से में इस तूफान के कारण बारिश देखने को मिल सकती है।कुल 12 जिलों में इसका खतरा बना रहेगा। इसके लिए चेतावनी जारी की गई है।
चक्रवात की तीव्रता को देखते हुए रेलवे ने राजस्थान से गुजरात के पोरबंदर, भुज, ओखा, गांधीधाम जाने वाली वाली एक दर्जन से ज्यादा ट्रेनों के संचालन को आंशिक और पूर्ण रूप से रद्द किया है।

Breaking News: बीकानेर जिला कलेक्टर, एसपी, पड़ोसी शहरों से भी आए आंदोलनकारी।
मौसम विशेषज्ञों के मुताबिक 14 जून की शाम या 15 जून की सुबह ये चक्रवात गुजरात और पाकिस्तान से टकराएगा। तट से टकराने के बाद ये चक्रवात गुजरात के हिस्सों में डीप डिप्रेशन और राजस्थान के दक्षिण-पश्चिमी हिस्से में लो-प्रेशर एरिया के रूप में कन्वर्ट होगा। इसके असर से इन एरिया में एक-दो दिन भारी बारिश होगी। इस चक्रवात से राजस्थान में नुकसान होने की आशंका बहुत कम है।
विशेषज्ञों के मुताबिक राजस्थान तक पहुंचने तक इस चक्रवात की हवाओं की स्पीड भी बहुत कम हो जाएगी, लेकिन मोइश्चर लेवल बहुत ज्यादा होने के कारण दो दिन कई जगहों पर भारी बारिश (60 से लेकर 100MM तक) बारिश दर्ज हो सकती है।
16-17 को सबसे ज्यादा बिपरजॉय असर
मौसम केन्द्र जयपुर के निदेशक राधेश्याम शर्मा ने बताया कि 15 जून को इस सिस्टम असर से आंधी बारिश की गतिविधियां दोपहर बाद ही शुरू हो जाएगी। जोधपुर, उदयपुर संभाग के जिलों में 16 जून को कहीं-कहीं भारी बारिश देखने को मिल सकती है। इस दौरान दक्षिण-पश्चिमी राजस्थान में हवाओं की गति 45 से 55 KM प्रतिघंटा तक दर्ज हो सकती है। 17 जून को भी इस सिस्टम का असर जोधपुर, उदयपुर और अजमेर संभाग कुछ भागों में भारी बारिश के रूप में देखने को मिल सकता है।
इन जिलों में दिखेगा बिपरजॉय का असर
इस चक्रवात का असर बांसवाड़ा, डूंगरपुर, उदयपुर, सिरोही, जालोर, बाड़मेर, जैसलमेर, पाली, जोधपुर, प्रतापगढ़, राजसमंद, चित्तौड़गढ़ जिलों में देखने को मिलेगा। इन जिलों के लिए मौसम विभाग ने येलो अलर्ट जारी किया है।